गुस्सा व क्रोध क्यों उत्पन्न होता है तथा क्रोध व गुस्सा पर नियंत्रण क्यों और कैसे करें ?
क्या आपने सोचा है कि आपके मन में गुस्सा व क्रोध क्यों उत्पन्न होता है ? क्या आपने कभी सोचा है कि क्रोध व गुस्सा आपके लिए हानिकारक है या लाभदायक ? यदि यह आपके लिए हानिकारक है तो क्या आप जानते हैं कि क्रोद्ध व गुस्सा पर नियंत्रण कैसे करें ? ? ?
तमो गुण बढ़ने से अहंकार और अज्ञान उत्पन्न होता है तथा सब प्रकार के भेद अहंकार से उत्पन्न होते हैं। भेद उत्पन्न होते ही लोग एक दूसरे से तुलना करने लगते हैं तथा दूसरे में कमी निकालने लगते हैं। कमी निकालनेवाले नजरिए की वजह से सभी में कमी निकालना एक स्वभाव सा बन जाता है। अज्ञानता के कारण ही लोगों में सही और गलत में फर्क नहीं कर पाता है। ऐसी अवस्था में व्यक्ति सच और झूठ में अंतर नहीं कर पाता है। ऐसे में व्यक्ति दूसरे पर दोषारोपण करने लगते हैं। दोषारोपण करने से क्रोध व गुस्सा उत्पन्न हो जाते हैं। (more…)

परमेश्वर ने सारी रचना को रचने के बाद सबसे अंत में मनुष्य को बनाया और उनसे कहा सुनो –
लोग अनेक वादा करते हैं परन्तु वो अपना वादा निभाते नहीं। वे आपको धोखा देते हैं। आपके भाई आपसे झूठ बोलेंगे, आपका रिस्तेदार आपसे झूठ बोलेंगे, आपके पड़ोशी आपसे झूठ बोलेंगे, आपके घर के लोग आप से झूठ बोलेंगे लेकिन परमेश्वर आपसे झूठ कभी नहीं बोलेंगे। उन्होंने कहा कि मैं तुम्हें कभी नहीं छोड़ूंगा। संसार के अंत तक मैं तुम्हारे साथ रहूँगा।